मुख्य समयपाल पद से रिटायरमेंट होने के बावजूद भी अपने पद पर रहकर कर रहा कर्मचारियों का शोषण

निघासन-खीरी। सरयू सहकारी चीनी मिल बेलरायां में मुख्य समयपाल पद से एक वर्ष पहले रिटारमेंट हो जाने के बावजूद भी सत्तापक्ष के नेताओं को चढा़वा चढ़ाने के बल पर अपने महत्वपूर्ण पद पर बने रहकर कर रहे हैं, कर्मचारियों का खुला शोषण,जिससे नाराज चीनी मिल के कर्मचारी कभी भी इनके विरुद्ध आंदोलन करने की बना रहे तैयारी।
मिली जानकारी के मुताबिक सरयू सहकारी चीनी मिल में महत्वपूर्ण तथा मलाईदार पद पर तैनात मुख्य समयपाल कैलाश शर्मा का जोकि 30 जून 2017 को रिटायरमेंट हो गया था। लेकिन अवैध कमाई का जरिया बनी चीनी मिल को अभी भी छोड़ना मुनासिब नहीं समझ रहे हैं। जिसके चलते सत्तापक्ष के नेताओं की चौखट पर माथा टेककर चढा़वे के बल पर अपने उसी पद पर रहकर भ्रष्टाचार को बढ़ावा दे रहे हैं। साथ ही चीनी मिल में वीआईपी कमरे पर अभी भी कब्जा जमाये हुये हैं।जिससे चीनी मिल के कर्मचारी अपना नीजी कमरा लेकर रहने को मजबूर हैं। यही नहीं करीब आधा दर्जन चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारियों को अपनी दंबगई के चलते अपना निजी नौकर बनाकर अपनी धौस जमाकर प्राईवेट काम करवाते हुये देखा जा रहा हैं। सूत्र बताते हैं, कि कैलाश शर्मा के कमरे पर आये दिन शराब व कवाब की पार्टिया होती रहती हैं।
यहीं नहीं जो चीनी मिल के कर्मचारी इनकों चढ़ावा देता हैं,उसकी उपस्थित लिखकर उसका वेतन व अन्य पदों में मिलने वाला पैंसा समय से पहले मिल जाता हैं।और जो इनको चढ़ावा नहीं चढ़ाता उसको महीनों चक्कर लगाने पड़ते हैं।यही नहीं चीनी मिल के महत्वपूर्ण कागजों को भी तहस-नहस कर अपनी पिछली कारगुजारियों का सबूत मिटाने का काम भी जोरों से किया जा रहा। यदि समय रहते सरकार द्वारा इनके कार्यकाल की जाँच करवाई जाये तो करोडों रुपयों के गबन के मामले भी खुलकर सामने आ सकते है।
...रिपोर्ट - श्रवण सिंह। (निघासन लखीमपुर खीरी)
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